🔶सुरक्षा कारणों से : इस बार दर्शनार्थी नहीं कर सकेंगे कैलाश नगर की पहाड़ियों पर शिल्पकार बाबा विश्वकर्मा की दर्शन ।
किरंदुल । किरंदुल एनएमडीसी की खदान उत्कृष्ट लौह अयस्क के लिए बेहद प्रसिद्ध है। खदानों में प्रतिवर्ष विश्वकर्मा पूजा वृहद स्तर पर मनाई जाती है।
बैलाडीला की खदानों में हजारों की संख्या में सैलानी विश्वकर्मा पूजा में हर वर्ष यहां आते हैं और इन खदानों में चले रहे खनन कार्यों व विशालकाय मशीनों तथा प्राकृतिक छटा का मनमोहक दृष्य का आनंद लेते हैं।
किन्तु इस बार जिले में अत्यधिक बारिश और बाढ़ ने जनजीवन अस्त व्यस्त कर दिया है। बैलाडीला की पहाडि़यों पर भी भूस्खलन और सड़कों पर फिसलन बढ़ने की आशंका बनी रहती है। बैलाडीला की खदानों में मानसून के दौरान अत्यधिक बारिश और कोहरा छाया रहता है और भू स्खलन की संभावना बनी रहती है। खदानों में जाने के लिए खतरनाक मोड़ और सर्पिली रास्ते हैं। सैलानियों के जीवन की सुरक्षा और खनन कार्यों की संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए किसी भी अप्रिय घटना न हो, इन्हीं सब कारणों से इस बार एनएमडीसी बीआईओएम किरंदुल कॉम्प्लेक्स प्रबंधन ने विश्वकर्मा पूजा पर आमजनों को माइन्स 14,11/सी,11/बी और अन्य संयंत्रों में आने-जाने और निजी वाहनों के प्रवेश पर पूर्णत: प्रतिबंध लगा दिया है।
